Safed Musli: जानिए सफ़ेद मूसली की चमत्कारी फायदे एवं सेवन विधि

Safed Musli
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Safed Musli: हर्बल वियाग्रा” (Herbal Viagra) के नाम से भी जाना जाता है। मूसली दो प्रकार की होती है, काली मूसली और सफेद मूसली।

सफेद मूसली एक ऐसी शक्तिवर्धक जड़ी-बूटी है जिसका उपयोग आयुर्वेदिक, यूनानी और होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति में प्रमुखता से किया जाता है।

आयुर्वेद के अनुसार सफेद मूसली की जड़ें सबसे ज्यादा गुणकारी होती हैं। ये जड़ें विटामिन और खनिजों का भंडार हैं। इन जड़ों में कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, फाइबर, सैपोनिंस जैसे पोषक तत्व और कैल्शियम, पोटैशियम, मैग्नीशियम आदि खनिज प्रमुखता से पाए जाते हैं।

यह इतनी पौष्टिक तथा बलवर्धक होती है की इसे शिलाजीत की संज्ञा भी दी जाती है। एक शोध में इस बात की पुष्टि हुई है कि इसमें एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं साथ ही यह सेक्स हार्मोन टेस्टोस्टेरोन का स्तर बढ़ाती है। जिसका मुख्य उपयोग शारीरिक कमजोरी दूर करने की यह सबसे प्रचलित आयुर्वेदिक औषधि के रूप लिए किया जाता है।

सफेद मूसली ( Safed Musli ) यौन शक्ति संबंधी समस्याओं में यह बहुत ज्यादा फायदेमंद है और इसे “हर्बल वियाग्रा” के नाम से भी जाना जाता है।

सफेद मूसली के अनेक चिकित्सीय गुण के कारण इस का उपयोग गठिया (आर्थराइटिस), मधुमेह (डायबिटीज), कैंसर,  यूटीआई, नपुंसकता आदि बीमारियों को दूर करने में भी किया जाता है।

इस दवा के चौंकाने वाले फायदे देखकर मेडिकल साइंस भी हैरान है। औषधीय गुणों के कारण सफेद मूसली की मांग लगातार बढ़ रही हैं। यह सिर्फ पुरुषों के लिए ही नहीं, बल्कि महिलाओं के लिए भी उतनी ही गुणकारी औषधि है।

औषधि का निर्माण :

सफेद मूसली ( Safed Musli ) , कौंच के बीज और अश्वगंधा को बराबर मात्रा में मिश्री के साथ मिलाकर बारीक चूर्ण बनाकर एक चम्मच चूर्ण सुबह और शाम एक कप दूध के साथ ले.

 खुराक और सेवन की विधि :

आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति में सफेद मूसली के सेवन के लिए मुख्य रुप से मूसली चूर्ण या मूसली पाउडर और मूसली पाक का इस्तेमाल किया जाता है।

सामान्य रुप से सफेद मूसली को दूध के साथ खाने की सलाह दी जाती है। आधा चम्मच सफेद मूसली पाउडर को गुनगुने दूध के साथ मिलाकर दिन में दो बार खाना खाने के बाद लें।

सफेद मूसली के फायदे (Safed Musli Benefits):

1- सेक्स पावर बढ़ाने में उपयोगी (Safed Musli for sex power) :

सफेद मूसली ( Safed Musli ) यौन शक्ति बढ़ाती है वहीं कुछ लोग तो इसका इस्तेमाल हर्बल वियाग्रा के तौर पर करते हैं।

एक शोध में पाया गया कि सफेद मूसली पाउडर में ऐसे गुण होते हैं जो सेक्स हार्मोन टेस्टोस्टेरोन का स्तर बढ़ाने की क्षमता होती हैं। इसलिए सफ़ेद मूसली का उपयोग यौन शक्ति बढ़ाने के लिए एक कारगर औषधि है।

 2- शीघ्रपतन रोकने में उपयोगी (Safed Musli for premature ejaculation) :

खराब जीवनशैली और खानपान की वजह से अधिकांश लोग शीघ्रपतन की समस्या से ग्रसित रहते हैं। ऐसे लोगों के लिए सफेद मूसली एक कारगर औषधि है।

सफेद मूसली से बने चूर्ण को एक कप दूध के साथ लेने से शीघ्रपतन और वीर्य की कमी जैसी समस्याएं दूर हो जाती हैं।

 3- इरेक्टाइल डिसफंक्शन (Safed Musli for erectile dysfunction) :

स्ट्रेस, डिप्रेशन या किसी दीर्घकालिक बीमारी की वजह से इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या किसी को भी हो सकती है। सेक्स के दौरान लिंग में उत्तेजना या तनाव की कमी होना इरेक्टाइल डिसफंक्शन (Erectile dysfunction) की समस्या कहलाती है।

अक्सर डायबिटीज या अन्य किसी बीमारी के कारण इरेक्टाइल डिसफंक्शन का खतरा बढ़ जाता है ऐसे में सफ़ेद मूसली के सेवन से आप इस खतरे को प्रभावी तरीके से रोक सकते हैं।

 4- नपुंसकता से बचाव (Safed Musli for impotence):

शोध के अनुसार सफेद मूसली वीर्य का उत्पादन बढ़ाती है और वीर्य की गुणवत्ता में सुधार लाती है। ऐसा माना जाता है कि इसके नियमित सेवन से नपुंसकता के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है। कौंच के बीज के साथ सफेद मूसली का सेवन नपुंसकता के इलाज में काफी उपयोगी माना जाता है।

 5- स्पर्म क्वालिटी में सुधार (Safed Musli for sperm quality) :

कई विशेषज्ञों का मानना है कि सफेद मूसली शुक्राणुओं की संख्या (स्पर्म काउंट) बढ़ाने में मदद करती है  सफेद मूसली के सेवन से स्पर्म की गुणवत्ता में सुधार होता है और इससे शुक्राणुओं की गतिशीलता बढ़ती है जिससे शुक्राणु पूरी तरह स्वस्थ रहते हैं।

 6- स्वप्नदोष की कमजोरी दूर करने में सहायक (Safed Musli for nightfall) :

स्वप्नदोष एक आम समस्या है और इसके होने के पीछे कई वजहें हो सकती हैं। सफेद मूसली के सेवन से स्वप्नदोष की समस्या पर तो ज्यादा असर नहीं पड़ता है लेकिन यह स्वपनदोष के बाद होने वाली शारीरिक कमजोरी को दूर करने में बहुत ही लाभकारी है।

 7- शारीरिक शिथिलता को दूर करने की क्षमता (Safed musli for stamina) :

यह एक ऐसी जडी-बूटी है जिस में किसी भी प्रकार की शारीरिक शिथिलता को दूर करने की क्षमता होती है। यही कारण है की कोई भी आयुर्वेदिक सत्व जैसे च्यवनप्राश आदि इसके बिना संम्पूर्ण नहीं माने जाते हैं।

सेक्स क्षमता बढ़ाने के अलावा शरीर की ताकत बढ़ाना, सफेद मूसली के प्रमुख फायदों में शामिल है। आज के समय में अधिकांश लोग शारीरिक रुप से कमजोर हैं या थोड़ी सी मेहनत करने के बाद थक जाते हैं तो सफेद मूसली आपके लिए बहुत फायदेमंद है।

 8- आर्थराइटिस में फायदेमंद (Safed Musli for arthritis) :


उम्र बढ़ने के साथ साथ हड्डियों और जोड़ों में दर्द होना एक आम समस्या है। अपने देश में अधिकांश बुजुर्ग आर्थराइटिस की समस्या से पीड़ित रहते हैं। सफेद मूसली के सेवन से आर्थराइटिस में होने वाले जोड़ों के दर्द और सूजन से आराम मिलता है।

 9- कैंसर से बचाव (Safed Musli for cancer prevention):

कई विशेषज्ञों का दावा है कि सफेद मूसली के सेवन से कैंसर के खतरे को कम किया जा सकता है। यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को प्रभावी तरीके से मजबूत करती है जिससे कैंसर कोशिकाओं के बढ़ने का खतरा कम होता है और कैंसर से बचाव होता है।

सफेद मूसली के नुकसान और सावधानियां (Safed Musli side effects and precautions) :

Safed Musli

यह सच है कि सफेद मूसली के फायदे बहुत ज्यादा हैं लेकिन अगर आप ज़रुरत से ज्यादा मात्रा में या गलत तरीके से इसका सेवन कर रहे हैं तो आपको सफेद मूसली के नुकसान झेलने पड़ सकते हैं।

हालांकि सफेद मूसली के नुकसान से संबंधित ज्यादा वैज्ञानिक प्रमाण मौजूद नहीं हैं। आयुर्वेदिक चिकित्सा के अनुसार सफेद मूसली की तासीर ठंडी होती है सफेद मूसली मुख्य रुप से पित्तशामक और वातशामक होती है लेकिन यह शरीर में कफ दोष को बढ़ाती है। इसलिए अगर आप कफ से जुड़ी समस्याओं से पहले से ही पीड़ित हैं तो सफेद मूसली के सेवन से परहेज करें।

गर्भावस्था और स्तनपान के दौरान सफेद मूसली का सेवन न करें।

Note: औषधि का सेवन आयुर्वेदिक चिकित्सक की सलाह से ही करें।

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