Ashwagandha: जानिए क्या है अश्वगंधा के चमत्कारी गुण एवं चिकित्सीय लाभ

Ashwagandha
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Ashwagandha: आयुर्वेद मे अश्वमगंधा के कुछ खास औषधीय गुणों के कारण यह बहुत प्रचलित है। अश्वगंधा एक ऐसी जड़ी-बूटी है जिस का प्रयोग कई रोगों में किया जाता है। अश्वगंधा पूरी तरह से हर्बल है।

अश्वगंधा मे ऐसे तत्व है जिससे शरीर मे ओज, स्फूर्ति और ताकत मिलती है। इस दवा के सेवन से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बदती है, यह बेहोशी, नींद नहीं आने की परेशानी और मानसिक तकलीफ़ों की अच्छी दवा है।

यह बच्चो मे कमजोरी को कम करने के लिए और पुरुष, महिलाओ मे प्रजनन कार्य को बढाने के कम मे आती है। अश्वगंधा यौवन प्रदान करने वाली बहुत ही प्रसिद्ध जड़ी बूटी है और असली अश्वगंधा की पहचान करने के लिए इसके पौधों से घोड़े के जैसी गंध आती है।

इसलिए इसे संस्कृत में अश्वगंधा नाम से जाना जाता है. अश्वगंधा ताजी जड़ में यह गंध अधिक तेज होती है। इसकी जड़ मे अमीनो एसिड भी पाया जाता है।

अश्वगंधा की जड़ मे बहुत तरह के एल्कलाइड होते है. जैसे विथानिन, सोमनाइन, विथनानाइन,इत्यादि। विथानिन मे नींद दिलाने के गुण होते है, विथफेरिन एक तरह का एंटीट्यूमर,एंटीओर्थोंरिटिक और एंटीबेक्टेरियल है।

अश्वगंधा की तासीर गरम होती है। अश्वगंधा का सेवन एक निश्चित मात्र मे करना चाहिए.

  • हिंदी – अश्वगन्धा, असगन्ध, पुनीर, नागोरी असगन्ध
  • English – Winter cherry  (विंटर चेरी), पॉयजनस गूज्बेर्री (Poisonous gooseberry)
  • संस्कृत – अश्वगंधा, वराहकर्णी,वरदा, बलदा, कुष्ठगन्धिनी

अश्वगंधा के लाभ – (Benefits of Ashwagandha)

Ashwagandha

  1. यह गठिया तथा मधुमेह के रोगियों के लिए उपयोगी है।
  2. यह उच्च रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को सामान्य बनाए रखता है।
  3. यह रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है।
  4. अस्वगंधा के नियमित सेवन से तनाव दूर होता है।
  5. अश्वगंधा के नियमित सेवन से नींद, सिरदर्द मे राहत मिलती है।
  6. अश्वगंधा सेवन से स्वप्नदोष, मानसिक परेशानी आदि मे राहत मिलती है।
  7. यह तंत्रिकतंत्र संबंधी कमजोरी को दूर करता है।
  8. यह शक्तिवर्धक,शुक्रानुवर्धक और पोष्टिक है।
  9. अश्वगंधा जवानी बरकरार रखने वाली औषधि है।
  10. इसके सेवन से वीर्य गाढ़ा होता है।
  11. यह शरीर की मांसपेसियों को मजबूत बनाता है।
  12. मां का दूध का उत्पादन बढ़ाने में मदद करता है।
  13. यह बुढापे को दूर करने वाली औषधि है।
  14. अश्वगंधा हृदय रोग,त्वचा रोग, अल्सर, जोड़ो मे सूजन, अवसाद, इन सभी मे बहुत लाभदायक है।
  15. इसके सेवन से स्मरण शक्ति बढ़ती है।

 अश्वगंधा के नुकसान (Side Effects of Ashwagandha)

  • इसे एक निश्चित मात्रा मे ही लेना होता है। ज्यादा सेवन से शरीर मे पित्त की मात्रा बढ़ जाती है।
  • दवा के सेवन का असर कुछ सप्ताह के बाद दिखता है, दो से चार दिन मे कोई असर नज़र नहीं आता है।
  • अश्वगंधा के अधिक सेवन से ब्लड शुगर का स्तर कम हो सकता है।
  • साइड इफैक्ट लगे तो दवा का सेवन तुरंत बंद कर दे।
  • इसका सेवन डॉक्टर के सलाह अनुसार ही करना चाहिए।

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